दो लाख की रिश्वत मांगने वाला रेलवे का वरिष्ठ मंडल यांत्रिक अभियंता गिरफ्तार
सीबीआई की कार्रवाई, एक लाख में सौदा तय होने के बाद 50 हजार रुपये की रिश्वत लेते पकड़ा गया; 77 लाख रुपये नकद और 14 लाख के आभूषण मिले
भिलाई। केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) ने रिश्वतखोरी के मामले में दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे (एसईसीआर), भिलाई में पदस्थ भारतीय रेलवे यांत्रिक अभियंता सेवा (आईआरएसएमई) के वरिष्ठ मंडल यांत्रिक अभियंता (डीएमई) अनमोल उके को गिरफ्तार किया है। सीबीआई ने आरोपी अधिकारी के साथ रिश्वत की रकम लेने वाले एक बिचौलिए को भी गिरफ्तार किया है।
सीबीआई के अनुसार मामले में 13 अगस्त 2026 को प्राथमिकी दर्ज की गई थी। आरोप है कि वरिष्ठ मंडल यांत्रिक अभियंता ने शिकायतकर्ता के लंबित बिलों को मंजूरी देने के एवज में दो लाख रुपये की रिश्वत मांगी थी। बातचीत के बाद आरोपी अधिकारी एक लाख रुपये लेने पर सहमत हुआ।
शिकायत के सत्यापन के बाद सीबीआई ने 13 अगस्त को जाल बिछाया। कार्रवाई के दौरान आरोपी अधिकारी ने अपने निर्देश पर एक बिचौलिए के माध्यम से शिकायतकर्ता से 50 हजार रुपये की रिश्वत की पहली किस्त स्वीकार की। रकम बिचौलिए ने शिकायतकर्ता से लेकर आरोपी के निर्देशानुसार उसे पहुंचाई। इसी दौरान सीबीआई ने आरोपी को पकड़ लिया।
इसके बाद सीबीआई ने आरोपी अधिकारी के रायपुर और भिलाई स्थित आवासीय एवं कार्यालय परिसरों की तलाशी ली। तलाशी के दौरान करीब 77 लाख रुपये नकद तथा लगभग 14 लाख रुपये मूल्य के आभूषण बरामद किए गए।
सीबीआई ने आरोपी वरिष्ठ मंडल यांत्रिक अभियंता और बिचौलिए को 14 अगस्त 2026 को गिरफ्तार कर सक्षम न्यायालय के समक्ष पेश किया। न्यायालय ने दोनों आरोपियों को चार दिन की पुलिस हिरासत में भेज दिया है। मामले में आगे की जांच जारी है।

